भूकम्प----बचाव ही सुरक्षा

*भूकम्प-----बचाव ही सुरक्षा*

      आपदाएं- जैसा कि नाम से ही विदित है की ये वो विपत्ति है,जो बिना किसी पूर्वानुमान और बिना बताएं ही आती है।ये आपदाएं दो तरह की होती है-प्राकृतिक और मानवनिर्मित ।मानवनिर्मित आपदाओं से बचने के तरीके तो हम पहले से भी तय कर पाते हैं,किंतु प्राकृतिक आपदाओं का विकल्प हम तय नहीं कर पाते ।कौन  सी आपदा आ जाए,ये कहना मुश्किल होता है।हम अनुमान के आधार पर ही इसके बचने के तरीके खोज सकते है।
पृथ्वी की उत्पति के समय से ही अनेकों आघात इसे उपहार स्वरूप मिले है। कभी सुनामी तो कभी बाढ़ तो कभी ओला; अनेकों प्राकृतिक आपदाएं पृथ्वी को सैनी होती हैं कभी किसी आपदा की पूर्व सूचना होती है तो कभी नहीं भूकंप भी एक ऐसी ही आता है जिसे अचानक आघात के रूप में जाना जाता है जब पृथ्वी की प्लेटें आपस में टकराती हैं तो इससे उत्पन्न होने वाले कंपन को ही भूकंप कहते हैं भौगोलिक आंकड़ों के अनुसार भारत की लगभग 54% भूमि भूकंप ग्रसित है।

    *भूकम्प की कारण -*
भूकम्प होने के अनेक कारण होते है,जिनका प्रभाव स्थानीय रूप से देखा जाता है।
- जल भार के कारण
- प्लेटों के टकराने से
- चट्टानों की टकराने से
- ज्वालामुखी विस्फोट से
- समुद्रीय कारण से
       इसके अलावे कई बार मानवीय क्रियाओं से भी लघु एवम कृत्रिम भूकंपों की उत्पति होती है।खान खोदने,सुरंग बनाने,विस्फोट आदि के द्वारा भी के झटके महसूस किए जाते है।भूकम्प तीन प्रकार के तरंगों (P S L) से अनुमानित किया जाता है।

*भूकम्प से बचाव*

भूकंप एक अति तीव्रगामी विनाशकारी प्राकृतिक आपदा है इसके आने पर काफी क्षति होती है अधिकतर लोग मलबों के नीचे दब कर मर जाते हैं भूकंप से बचने के लिए निम्नलिखित उपाय करने चाहिए।
:- भूकंप आने पर सबसे पहले हमें धैर्य और शांति बने रहना चाहिए ।

:- यदि घर में हो या विद्यालय में तो तुरंत ही बाहर निकल कर खुले स्थान पर आ जाना चाहिए ।

:- यदि संभव हो तो किसी मेज या ठोस वस्तु के नीचे छिप जाना चाहिए ।

:- यदि रात के वक्त भूकंप महसूस हो तो उसी समय सर को तकिए से ढक लेना चाहिए ।

:- घर में या बाहर वाहन चलाते समय संभव हो तो हेलमेट पहन लेना चाहिए।

:- बिजली के खंभों ,तारों से दूर हो जाना चाहिए ।
 
:- वाहन चला रहे हो तो तुरंत रोक कर बाहर खुली जगह पर आ जाना चाहिए ।

:- मोबाइल ,गैस ,ज्वलनशील वस्तुओं को यथाशीघ्र बंद कर देना चाहिए।
 
:-झुको झुको पकड़ो का सिद्धांत अपनाना चाहिए।

:- भूकंप से बचाव हेतु सरकार द्वारा चलाए जा रहे सुरक्षित शनिवार को अनिवार्य रूप से करना और करवाना चाहिए।

:- बच्चों को हर रोज प्रार्थना के समय *(झुको ,ढको,पकड़ो)* का अभ्यास कराना चाहिए।

:- अभिभावकों से संपर्क स्थापित कर उन्हें भूकंप रोधी मकान बनवाने को प्रेरित करना चाहिए।

:- समय-समय पर विद्यालयों में जागरूकता अभियान चलाकर भी सभी को प्रेरित करना चाहिए ।

:- बुजुर्गों विकलांगों और बच्चों की मदद करनी चाहिए ।

 *आपदाएं आती हैं आएंगी*
*जिंदगी तबाह करके जाएंगी*
*झुको,ढको,पकड़ो ही उपाय है*
*अभ्यास करो ये ही बचाएंगी*


*श्वेता साक्षी*
*मध्य विद्यालय हनुमान नगर,बेलदौर*
*(9576891908)*

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